आ गई है गुलाबी ठंड अपना ध्यान रखे




       हल्की - हल्की गुलाबी ठंड शुरू हो चुकी है ठंडी ठंडी हवाएं बाहर कितने सुंदर - सुंदर फूल खिले है , चारों ओर कितना कोहरा छाया है लोग मोर्निक वाक करने निकले है यूं ठंड दस्तक बस देती है इसका असर हमारी हर चीज में होने लगता है घर से लेकर स्वास्थ्य और काम करने के तरीके हो या हमारी दिनचर्या ।
     कितना अच्छा मौसम शुरू हुआ है मन होगा कुछ देर और गर्म रजाई में दुबककर सो लिया जाए कोई ना परेशान करे जल्दी ऑफिस नहीं जाने का मन करे लगे आराम से उठने का मन करे  , नाश्ता देर से करे चाय बेड पर ही मिल जाए तो कितना सुखद होगा , ठंडी में नहाने का मन करे सोचे कौन नहाये ठंडी में , मन करेगा बढ़िया गर्म - गर्म खाना खाए और फिर सो जाए , आराम से धूप सेंके , धूप में सारे काम करे , आलव जलाकर या हीटर के सामने आराम से बैठकर टीवी देखते रहे , मन करेगा कोई काम ना बताये रजाई से निकले कौन , सुबह की सैर के लिए आलस होगा और जाने कितने आलस होंगे

मौसम बदला है तो स्वास्थ्य का मौसम तो बदलेगा ही तो ऐसे में हमें अपने स्वास्थ्य का ध्यान तो रखना ही होगा नहीं तो ठंड के मौसम का मजा ही नहीं ले पायेगे

  • ठंड के दिनों में रात में पैरों में मोज़े पहनकर सोये क्योंकि जब सुबह हम उठते है तो जमीन ठंडी रहती है और हमे एकदम से ठंड लग सकती है पैरो में हमेशा चप्पल पहन कर रहे
  • अगर आप रात को स्वेटर उतारकर सोते है तो सुबह उठते साथ ही पहन ले
  • सुबह उठने के बाद हल्का गुनगुना पानी पिएँ
  • एकदम सुबह-से उठकर सैर पर ना जाए जब सूर्य उदय हो जाए तब जाए ठंड के दिनों में चाय, कॉफी,
  • सिगरेट शराब का कम सेवन कर
  • ड्राइ फ्रूट ताजे फलों का अधिक सेवन करें
  • सर्दियों में खट्टी, तली ठंडी चीजों के दूरी बनाए रखें
  • कभी धूप में बैठे तो गर्म तेल शरीर पर लगाएं  
  • देर रात तक बाहर ना रहे अगर ज्यादा जरूरी ही तब ही जाएं
  • जब घर से बाहर निकले गर्म कपड़े पहनकर निकले , नाक ,कान , गला ढंककर निकले
  • रोज आधा घंटा याद से व्यायाम करे इससे आपके शरीर जब कोई रोग होने वाला होगा तो उससे आपके शरीर की रक्षा करेंगे और शरीर में गर्मी रहेगी
  • सर्द के, दौरान जरूरत से ज्यादा कसरत न करें। ऐसे में चाय, कॉफी या गुनगुना नींबू पानी व शहद का सेवन करने से आराम मिलता है।
  • जब कभी आप सर्दी, जुकाम या बुखार से पीड़ि‍त हों, तो ज्यादा से ज्यादा आराम करने की कोशि‍श करें। इसके साथ ही तरह पदार्थों का सेवन अधि‍क से अधि‍क करें।
  • ठंड में अपनी त्वचा का ख़ास ध्यान रखे उसे अच्छे मोइस्चरेजर लगाना ना भूले  नही तो त्वचा रुखी व् बेजान हो सकती है
  • ठंड के समय ज्यादा जंक फ़ूड ना खाएं खूब सारे फल सब्जियां खाए सर्दियों के समय वैसे भी बहुत सारे फल सब्जियां आते है उन्हें खाएं
  • ठंडी के समय तरह - तरह के आते आते है उनकी रोटी बनाकर खाएं जैसे जौ,ज्वार,बाजरा , मक्का  
  • ठंड के दिनों में हमे प्यास नहीं लगती है पर हमारे शरीर को पानी की जरूरत होती है इसलिए खूब सारा पानी पिएँ
  • ज्यादा गरिष्ठ भोजन ना ले क्योकि इस समय आपका वजन भी बढ़ सकता है
  • जिन व्यक्तियों को सर्दी - जुकाम बुखार है उनसे दूर रहे जब भी शरीर में कोई बदलाव महसूस हो अपने डोक्टर को जरुर दिखा दे


3 टिप्पणियाँ:

रूपचन्द्र शास्त्री मयंक ने कहा…

आपकी इस प्रविष्टि् के लिंक की चर्चा कल रविवार (05-11-2017) को
"हारा सरल सुभाव" (चर्चा अंक 2779)
पर भी होगी।
--
चर्चा मंच पर पूरी पोस्ट नहीं दी जाती है बल्कि आपकी पोस्ट का लिंक या लिंक के साथ पोस्ट का महत्वपूर्ण अंश दिया जाता है।
जिससे कि पाठक उत्सुकता के साथ आपके ब्लॉग पर आपकी पूरी पोस्ट पढ़ने के लिए जाये।
--
कार्तिक पूर्णिमा (गुरू नानक जयन्ती) की
हार्दिक शुभकामनाओं के साथ।
सादर...!
डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री 'मयंक'

ajay kumar ने कहा…

बहुत अच्छी जानकारी से रूबरू कराया है आपने सर
आभार !

कोपल कोकास ने कहा…

अजय जी धन्यवाद ।
मैं मैडम हूँ सर नहीं ।

एक टिप्पणी भेजें