बारिश का मौसम

बारिश का इंतजार वैसे तो सबको होता है पर सबसे ज्यादा उसे होता है जिसे बारिश और बारिश का मौसम दोनों ही पसंद हो । मुझे भी बारिश बेहद पसंद है बारिश में भीगना फुहारों के साथ मस्ती करना उन फुहारों से खुद को भीगाना पानी में छप छप करना पानी में नाव तैराना । सबसे ज्यादा तो तब भीगती जब मैं स्कूल से घर वापस आती थी तब मुझे बारिश उतनी पसंद नही थी जितनी की बेहद पसंद आती है उस वक्त मेरे पास मेरे घर में छत नही थी पर आज है तो मैं अपनी छत पर जाकर खूब भीगती हूँ मस्ती करती हूँ मेरे कमरे से ही छत पर जाने का रास्ता है मेरे घर में दो छत है एक बड़ी एक छोटी मैं दोनो पर जाकर मस्ती करती हूँ ।
पहले मुझे बारिश इसलिये पसंद नहीं थी क्योंकि मैनें अपने दादा जी और दादी माँ को अगस्त माह की बारिश में ही खोया था इसलिए उस वक्त बारिश से नफरत होती थी पर अब नहीं होती । आज बारिश में भीगते हुए कहीं भी जाने में बड़ा मजा आता है बारिश में भुट्टा पकौड़े चने चपटे खाने का अलग ही मजा है । हर मौसम की बात अलग होती है पर बात जहाँ बात बारिश के मौसम की हो वहाँ तो मजा ही मजा है । बारिश में ही ना जाने कितने फूल पत्तियाँ फल कलियाँ उगती होगी वैसे एक बागवान या माली बागवानी के लिए बारिश उत्तम मौसम और कोई नहीं मानता होगा। खेत के किसान खेती के लिए इन्द्र देवता से कितनी प्राथनायें करते होगें हे भगवान बारिश कर दें । उनकी बारिश से ना जाने कितनी उम्मीदें आशाऐं जुड़ी हुई होगीं । वो कहतें है ना आशा से आकाश थमा है ।
बारिश के गानों का भी अलग ही मजा है उन गानों में ना जाने कितनी मधुरता होती है कि वे गाने बारिश में भीगने को मजबूर कर देते है । मुझे भी बारिश के गाने अच्छे लगते है । बारिश से जाने कितनी दुख औए सुख जुड़े होगें कितनो को बारिश पसंद होगी कितनो को नापसंद । कितने ही लोग घर के अंदर बैठकर पकौड़े खाते चाय की चुस्कियों और टीवी कोई मूवी देखते हुए बारिश का लुत्फ उठाते है और कितने बाहर बारिश में भीगतें हुए सैर करते हुए मस्ती करते हुए लुत्फ उठाते होगें । सबके बारिश के मजे अलग अलग है । कालेज जाते समय छाते के साथ जाने में बड़ा मजा आता है छत में थोड़ा बहुत तो भीग जाते है पर जब छत हवा में उड जाये तब भीगने का सही मायने में मजा आता है ।
आज जब भी भीगकर आती हूँ तो मैं माँ की ना जाने कितनी ही हिदायतें सुनने को मुफ्त में मिल जाती है बेटी जल्दी कपडे बदल लें ठंड लग जायेगी जल्दी सिर पोछो सर्दी लग जायेंगी जब जब बारिश का मौसम आता है तब तब माँ की हिदायतों की पोटली खुल जाती है । माँ सुनाती है पर भीगने के बाद सुनता कौन है जो होना होगा वो तो होगा ही । इस बारिश के मौसम का लुत्फ उठाईयें मजें कीजिये खुद को इस फुहारों से भीगा दीजिये । ऐसे मौसम साल भर देखने को नही मिलते है । बारिश को बच्चा बड़े बुजुर्ग सभी पसंद करते है । बारिश का सबसे ज्यादा मजा तो स्कूल के बच्चों को आता होगा क्योंकि उनके स्कूल शुरु होने पर ही बारिश का मौसम आता है । इस बारिश पर बारिश के पानी को बचाइये उसका प्रयोग कीजिये । बारिश का लुत्फ उठाइये जी भरके । खुशियों से भरा हो आपका बारिश का मौसम और बारिश के हर साथ अपने हर लम्हे को सजाइयें ।

12 टिप्पणियाँ:

माधव ने कहा…

really nice

दिनेशराय द्विवेदी Dineshrai Dwivedi ने कहा…

सभी मौसम जब आते हैं तो सभी को पसंद होते हैं। बुरे तब लगते हैं जब या तो वे जल्दी वापस चले जाते हैं या फिर बहुत समय तक टिके रहते हैं।
अच्छा आलेख है।

M VERMA ने कहा…

वाकई बारिश में भीगने का लुत्फ ही कुछ और होता है. पर माँ की हिदायतें ... यह भी तो बारिश से कम नहीं है.

महेन्द्र मिश्र ने कहा…

बारिश तो काफी उमस के बाद सभी का मन मोह लेती है .....अच्छी पोस्ट..

दिलीप ने कहा…

waah baarish aur usme bheegna...

शरद कोकास ने कहा…

चलो .. जब बारिश का मौसम आयेगा तब इसे फिर से पढ़ेंगे ।

ज़ाकिर अली ‘रजनीश’ ने कहा…

Kopal ji Jamdin ki Shubh Kaamnayen.
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चिर यौवन की अभिलाषा..
क्यों बढ रहा है यौन शोषण?

वन्दना अवस्थी दुबे ने कहा…

जन्मदिन की अनन्त शुभकामनाएं, आशीर्वाद.

बाल-दुनिया ने कहा…

बारिश का मौसम तो मुझे बहुत प्यारा lagta है..apko भी..
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अब ''बाल-दुनिया'' पर भी बच्चों की बातें, बच्चों के बनाये चित्र और रचनाएँ, उनके ब्लॉगों की बातें , बाल-मन को सहेजती बड़ों की रचनाएँ और भी बहुत कुछ....आपकी भी रचनाओं का स्वागत है.

Mahesha ने कहा…

super super super n super..keep it up..
man khush ho gaya..
esa laga baarish me bheeg raha hu..

Mahesha ने कहा…

aap jarur sun'na..

http://www.musicindiaonline.com/#/album/21-Hindi_Pop/17080-Baarish/
then select 1

n write me on maheshk.sarswat@yahoo.com

प्रवीण कुमार दुबे ने कहा…

बारिश तो आते ही चारो तरफ़ हरियाली ला देती है.

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